कोरबा 2 अगस्त 2026। राजनीति में भाषण और बयान के दौरान नेताओं की जुबान फिसलना कोई नई बात नहीं है। कभी आंकड़े गड़बड़ा जाते हैं, कभी नाम बदल जाते हैं और कभी शब्दों का ऐसा फेर पड़ जाता है कि बयान सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बन जाता है। ऐसा ही एक वाकया रविवार को कोरबा में देखने को मिला, जहां छत्तीसगढ़ के उद्योग एवं श्रम मंत्री लखनलाल देवांगन की जुबान ऐसी फिसली कि जिलों में ही राज्यपाल और मुख्यमंत्री पहुंच गए।
दरअसल मौका था प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ‘नशा मुक्त युवा फॉर विकसित भारत संकल्प अभियान’ के शुभारंभ का। कोरबा के शासकीय पीजी कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम में मंत्री लखनलाल देवांगन मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम के बाद उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए अभियान की जानकारी दी। शुरुआत पूरी तरह सामान्य रही। मंत्री ने बताया कि देशभर के एक करोड़ से अधिक युवा इस अभियान से जुड़े। लेकिन इसके बाद जल्दबाजी में ऐसा वाक्य निकल गया, जिसने मौजूद पत्रकारों को भी चौंका दिया।
मंत्री ने कहा कि…“इस अभियान में 26 जिलों के राज्यपाल और 11 जिलों के मुख्यमंत्री भी जुड़े थे…”असल में मंत्री 26 राज्यों के राज्यपाल और 11 राज्यों के मुख्यमंत्री कहना चाहते थे, लेकिन जुबान फिसल गई और “राज्यों” की जगह बार-बार “जिलों” का जिक्र कर बैठे। बयान कैमरे में रिकॉर्ड हो चुका था। कुछ ही देर में इसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने लगा। लोगों ने भी इस पर हल्के-फुल्के अंदाज में प्रतिक्रियाएं देनी शुरू कर दीं। किसी ने लिखा, “अब जिलों के भी राज्यपाल बनने लगे क्या ?” तो किसी ने मजाक में कहा, “लगता है प्रशासनिक व्यवस्था अपग्रेड हो गई है।”
हालांकि मंत्री के पूरे बयान का संदर्भ साफ बताता है कि यह महज ‘स्लिप ऑफ टंग’ थी। सार्वजनिक जीवन में लगातार भाषण और कार्यक्रमों के बीच इस तरह की जुबानी चूकें कई नेताओं से होती रही हैं। लेकिन कैमरे के दौर में ऐसे छोटे-छोटे पल भी चर्चा का विषय बन जाते हैं। कुल मिलाकर, ‘नशा मुक्त भारत’ के संदेश के बीच मंत्रीजी की यह छोटी-सी जुबानी चूक सोशल मीडिया को मुस्कुराने का एक और मौका दे गई।

