बलौदाबाजार 18 सितंबर 2026। बलौदाबाजार में पंडित चक्रपाणी मल्टीपरपज स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट हिंदी माध्यम स्कूल से जुड़ा मामला सामने आया है। यहां व्याख्याता नरेश तिवारी पर छात्राओं से गाली-गलौज, बदसलूकी और मारपीट करने के आरोप लगे हैं। शिक्षक पर शराब के नशे में स्कूल पहुंचने का भी आरोप है। मामला उस वक्त और गरमा गया, जब शिक्षक की शिकायत लेकर पहुंचे छात्रों और परिजनों के बीच स्कूल में मीडिया की मौजूदगी में विवाद हो गया। और मोबाइल पर वीडियों बनाने को लेकर प्रिंसिपल ने एक छात्र को थप्पड़ जड़ दिया।
जानकारी के मुताबिक नरेश तिवारी स्कूल में व्याख्याता के पद पर पदस्थ हैं और 11वीं-12वीं के विद्यार्थियों को विज्ञान पढ़ाते हैं। आरोप है कि करीब एक सप्ताह पहले वह शराब के नशे में स्कूल पहुंचे थे। इस दौरान छात्राओं के साथ कथित तौर पर गाली-गलौज और बदसलूकी की गई। विरोध करने पर छात्राओं के साथ मारपीट करने का भी आरोप लगाया गया है। छात्रों ने जब शिक्षक के खिलाफ शिकायत करने की बात कही तो आरोप है कि उन्हें परीक्षा में फेल करने की धमकी दी गई। इसके बाद छात्र अपने परिजनों के साथ स्कूल प्रबंधन से शिकायत करने पहुंचे।
छात्रों और उनके परिजनों की शिकायत के दौरान कवरेज के लिए पहुंचे मीडियाकर्मियों और प्रिंसिपल वंदनी श्रीवास्तव के बीच भी विवाद हो गया। आरोप है कि प्रिंसिपल ने मीडियाकर्मियों को अपने केबिन से बाहर जाने के लिए कहा। इसी दौरान एक छात्र मोबाइल से केबिन में चल रही बातचीत का वीडियो बनाने लगा। प्रिंसिपल ने उसे वीडियो बनाने से मना किया और कथित तौर पर कहा, “This is my order.” आरोप है कि छात्र के वीडियो बनाते रहने पर प्रिंसिपल ने उसे थप्पड़ मार दिया। इस घटना के बाद स्कूल परिसर में विवाद और बढ़ गया। मामले को लेकर मीडियाकर्मियों ने भी प्रिंसिपल पर बदसलूकी का आरोप लगाया और स्कूल के सामने धरने पर बैठ गए।
कलेक्टर के निर्देश पर जांच शुरू
मामले की शिकायत के बाद कलेक्टर के निर्देश पर शिक्षा विभाग और प्रशासन की टीम स्कूल पहुंची और पूरे घटनाक्रम की जांच शुरू की। जांच के दौरान छात्रों, परिजनों और स्कूल प्रबंधन से जानकारी ली गई। जांच के बाद पुलिस शिक्षक नरेश तिवारी को मुलाहिजा के लिए अपने साथ ले गई। हालांकि, शिक्षक पर लगाए गए आरोपों और शराब के नशे में स्कूल पहुंचने के दावे की आधिकारिक पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही होगी।
बलौदाबाजार के इस स्कूल में सामने आए घटनाक्रम में शिक्षक पर लगे आरोपों के साथ-साथ प्रिंसिपल की कथित कार्रवाई भी सवालों के घेरे में है। एक तरफ छात्राओं के साथ कथित बदसलूकी और मारपीट की शिकायत है, तो दूसरी तरफ शिकायत के दौरान छात्र को थप्पड़ मारने का आरोप सामने आया है। फिलहाल प्रशासनिक जांच जारी है। जांच रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट होगा कि शिक्षक पर लगाए गए आरोप कितने सही हैं और छात्र को थप्पड़ मारने के मामले में प्रिंसिपल की भूमिका को लेकर क्या कार्रवाई होती है।


