कोरबा 19 जून 2026। भाजपा नेता पर हुए जानलेवा हमले के मामले में कोरबा पुलिस ने जिला पंचायत सदस्य और कथित तौर पर आदतन अपराधी रज्जाक अली के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। पुलिस अब आरोपी के खिलाफ राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (NSA) और जिला बदर की कार्रवाई की तैयारी भी कर रही है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की आपराधिक गतिविधियां लंबे समय से कानून-व्यवस्था के लिए चुनौती बनी हुई थीं।
जानकारी के मुताबिक 15 जून 2026 को थाना सिविल लाइन रामपुर में भाजपा नेता शिवबालक सिंह तोमर की शिकायत पर रज्जाक अली और उसके साथियों के खिलाफ हत्या के प्रयास, धमकी और आर्म्स एक्ट समेत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया था। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि जिला जेल कोरबा के पास पुरानी रंजिश के चलते आरोपियों ने उनका रास्ता रोककर गाली-गलौज की, हथियार दिखाकर जान से मारने की धमकी दी और लोहे की राॅड सहित अन्य हथियारों से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने आरोपी रज्जाक अली और उसके साथियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि आरोपी द्वारा प्रकरण से जुड़े गवाहों और अन्य व्यक्तियों को लगातार धमकाया जा रहा था। उन पर बयान बदलने और न्यायिक प्रक्रिया को प्रभावित करने का दबाव बनाया जा रहा था। इस मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ अलग से एक और अपराध दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है।
तीन दशक का आपराधिक रिकॉर्ड, NSA और जिला बदर की तैयारी
पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार आरोेपी रज्जाक अली के खिलाफ कोरबा जिले के विभिन्न थानों में पिछले 30 वर्षों के दौरान हत्या, हत्या का प्रयास, लूट, बलवा, मारपीट, आगजनी, अवैध हथियार रखने, आर्म्स एक्ट, नारकोटिक्स एक्ट, लोक सेवक के कार्य में बाधा और अन्य गंभीर अपराधों के कई मामले दर्ज हैं। इन सारे आपराधिक रिकार्डो के आधार पर अब कोरबा पुलिस आरोपी रज्जाक अली के खिलाफ जिला बदर की कार्रवाई के लिए प्रतिवेदन जिलाधीश कार्यालय भेज दिया है। वहीं राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम के तहत भी कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जिले में कानून व्यवस्था को प्रभावित करने वाले अपराधियों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी। गौरतलब है कि राजनीति और अपराध के गठजोड़ को लेकर अक्सर सवाल उठते रहे हैं। ऐसे में जिला पंचायत सदस्य जैसे जनप्रतिनिधि पर हत्या के प्रयास जैसे गंभीर आरोप लगना और उसके खिलाफ छै। तक की कार्रवाई की तैयारी होना कई सवाल खड़े करता है। फिलहाल पुलिस की इस कार्रवाई को जिले में अपराधियों के खिलाफ सख्त संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।

