रायपुर 8 सितंबर 2026। सरगुजा के शिवपुर एकलव्य आवासीय विद्यालय की छात्राओं के अपनी समस्याओं को लेकर पैदल कलेक्टोरेट की ओर निकलने का मामला अब राजनीतिक मुद्दा बन गया है। शिक्षा संस्थानों में व्याप्त अव्यवस्था और छात्राओं के इस कदम को लेकर जहां विपक्ष ने सरकार की शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े किए हैं, वहीं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मामले पर संज्ञान लेते हुए कलेक्टर से बात कर नाराजगी जताते हुए छात्राओं की शिकायत पर जांच कर त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिये है।
गौरतलब है कि सरगुजा के शिवपुर एकलव्य आवासीय विद्यालय में व्यापत समस्याओं को लेकर छात्राओं को गुस्सा फूट पड़ा था। लगातार शिकायत के बाद भी समस्या का समाधान नहीं होने से त्रस्त होकर छात्राओं ने एक दिन पहले पैदल मार्च कर कलेक्टर कार्यालय के लिए निकल गयी थी। छात्राओं ने विद्यालय में 3 महीने से बिजली नही होने के साथ ही घटिया खान और शिक्षकों की कमी की गंभीर समस्या बतायी थी। एकलव्य आवासीय विद्यालय जैसे संस्थान में व्याप्त ऐसी गंभीर समस्याओं ने एक बार फिर प्रशासनिक उदासीनता और सरकारी शिक्षा व्यवस्था पर प्रश्न चिन्ह लगा दिया है।
हम लगातार कह रहे हैं,छत्तीसगढ़ की शिक्षा व्यवस्था बेहाल है, मगर मंत्री जी हवाई दौरे कर कह रहे हैं “सब बढ़िया है”
शिक्षकों की मांग के लिए बच्चे 33 KM पैदल चलकर कलेक्टर तक पहुंच रहे हैं और सरकार को फिर भी कोई दिक्कत नहीं दिखती।
शर्म आनी चाहिए pic.twitter.com/4E6WYDZ0yB
— Deepak Baij (@DeepakBaijINC) September 8, 2026
लिहाजा इस घटनाक्रम के सामने आने के बाद मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने मामले पर गंभीरता दिखाई है। घटना की जानकारी सामने आने के बाद मुख्यमंत्री साय ने सरगुजा कलेक्टर अजीत वसंत से फोन पर सीधे पूरे मामले की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने इस बात पर नाराजगी जताई कि आखिर छात्राओं को अपनी बुनियादी समस्याओं के समाधान के लिए विद्यालय से पैदल प्रशासन तक पहुंचने की जरूरत क्यों पड़ी। मुख्यमंत्री ने कलेक्टर को पूरे मामले की जांच कर जिम्मेदारी तय करने और लापरवाही सामने आने पर संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने अपने सोशल मीडिया हैंडल एक्स पर इस घटनाकम का वीडियों अपलोड कर लिखा कि…. “पूरे छत्तीसगढ़ में शिक्षक की मांग को लेकर बच्चे आंदोलन कर रहे हैं। हालात ये हैं कि बच्चों को शिक्षक मांगने के लिए 33 किलोमीटर पैदल चलकर कलेक्टर तक जाना पड़ रहा है, लेकिन जिम्मेदार मंत्री को फिर भी “सब बढ़िया” दिखाई दे रहा है। इतना अहंकार किस बात का मंत्री जी..? कभी हवाई दौरे से नीचे उतरकर उन बच्चों के पैरों के छाले देखिए,जिन्हें किताब लेकर स्कूल जाना था, वे शिक्षक मांगने सड़कों पर चल रहे हैं। शर्मनाक है,बच्चे शिक्षक मांग रहे हैं और भाजपा सरकार अपनी नाकामी छिपा रही है।”
पूरे छत्तीसगढ़ में शिक्षक की मांग को लेकर बच्चे आंदोलन कर रहे हैं। हालात ये हैं कि बच्चों को शिक्षक मांगने के लिए 33 किलोमीटर पैदल चलकर कलेक्टर तक जाना पड़ रहा है, लेकिन जिम्मेदार मंत्री को फिर भी “सब बढ़िया” दिखाई दे रहा है।
इतना अहंकार किस बात का मंत्री जी..?
कभी हवाई दौरे से… pic.twitter.com/T6nGtxyog3
— INC Chhattisgarh (@INCChhattisgarh) September 8, 2026


