कोरबा 21 सितंबर 2026। कोरबा के वनांचल क्षेत्र श्यांग में लिव-इन पार्टनर की हत्या कर शव को सेप्टिक टैंक में छिपाने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। करीब दो साल से एक युवक के साथ पत्नी की तरह रह रही 33 वर्षीय महिला रक्षाबंधन पर मायके नहीं पहुंची, तो भाइयों ने उसकी तलाश शुरू की। वारदात के बाद करीब 25 दिन तक कोई सुराग नहीं मिलने के बाद परिजनों को युवक के घर के सेप्टिक टैंक पर संदेह हुआ। ढक्कन खोलने पर अंदर महिला की सड़ी-गली लाश मिली। बताया जा रहा है कि इस वारदात के बाद से ही आरोपी घर से फरार है। पुलिस ने मामले में आरोपी लिव-इन पार्टनर के खिलाफ अपराध दर्ज कर उसकी तलाश शुरू कर दी है।
हत्या की ये सनसनीखेज वारदात श्यांग थाना के ग्राम बरपाली की है। बताया जा रहा है कि गांव में मनोज उरांव निवास करता है। उसके साथ करीब दो साल से संतोषी नामक 33 वर्षीय महिला पत्नी के रूप में रह रही थी। मनोज नशे का आदी था और दोनों के बीच आए दिन विवाद होता था। 27 अगस्त को भी मनोज नशे की हालत में घर पहुंचा। किसी बात को लेकर दोनों के बीच विवाद हुआ और उसने संतोषी की पिटाई कर दी। कुछ लोगों के बीच-बचाव के बाद मामला शांत हुआ। आरोप है कि देर शाम मनोज ने दोबारा संतोषी के साथ मारपीट की। इसी दौरान उसकी मौत हो गई। महिला की मौत के बाद आरोपी मनोज ने इस वारदात पर पर्दा डालने और पुलिस से बचने के लिए शव को घर की बाड़ी में बने सेप्टिक टैंक में डालकर ऊपर से ढक्कन बंद कर दिया।
अगले ही दिन 28 अगस्त को रक्षाबंधन था। संतोषी जब भाइयों के घर नहीं पहुंची, तो उन्होंने मनोज से संपर्क किया। आरोप है कि मनोज ने उन्हें बताया कि संतोषी एक दिन पहले ही घर से चली गई है। इसके बाद कई दिन गुजर गए, लेकिन संतोषी अपने मायके नहीं पहुंची। परिवार के लोग लगातार उसकी तलाश करते रहे। शनिवार को संतोषी का भाई रामभरोस और अन्य परिजन दोबारा मनोज के घर पहुंचे। घर की बाड़ी की ओर जाने पर उनकी नजर सेप्टिक टैंक पर पड़ी। टैंक का ढक्कन अधखुला था और वहां से तेज दुर्गंध आ रही थी। परिजनों को अनहोनी की आशंका हुई। सूचना मिलने पर श्यांग थाना प्रभारी लक्ष्मण खूंटे पुलिस टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ कार्यपालिक दंडाधिकारी को भी सूचना दी।
दंडाधिकारी की मौजूदगी में निकाली गई सड़ी-गली लाश
रविवार सुबह कार्यपालिक दंडाधिकारी की मौजूदगी में सेप्टिक टैंक का ढक्कन खुलवाया गया। अंदर महिला की सड़ी-गली लाश बरामद हुई। शव की पहचान संतोषी के रूप में की गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजने के साथ मामले की जांच शुरू कर दी है। आरोपी मनोज उरांव घटना के बाद से फरार बताया जा रहा है। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि संतोषी की शादी वर्ष 2001 में करतला क्षेत्र के एक युवक से हुई थी। उसके चार बच्चे हैं। करीब 15 साल पहले पति की मौत के बाद वह ससुराल में ही रह रही थी। करीब तीन साल पहले संतोषी की पहचान मनोज से हुई। इसके बाद दोनों के बीच नजदीकी बढ़ी और करीब दो साल से संतोषी मनोज के साथ उसके घर में रह रही थी। पुलिस के मुताबिक पिछले कुछ समय से दोनों के बीच लगातार विवाद चल रहा था।
फॉरेंसिक टीम ने जुटाए साक्ष्य, पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने फॉरेंसिक एक्सपर्ट और मेडिकल टीम को मौके पर बुलाया। फॉरेंसिक टीम ने घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया और जरूरी नमूने जुटाए। मेडिकल कॉलेज अस्पताल के डॉक्टरों की टीम ने शव का पोस्टमार्टम किया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद महिला की मौत की परिस्थितियों और चोटों से जुड़े कई अहम तथ्यों का खुलासा होने की उम्मीद है। फिलहाल पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है और घटना के कारणों समेत पूरे मामले की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।


