कोरबा 21 सितंबर 2026। आर्थिक परिस्थितियां अगर प्रतिभा के रास्ते में बाधा बनें तो सरकारी योजनाओं की मदद किसी विद्यार्थी के लिए नई उम्मीद बन सकती है। जीं हां कोरबा कलेक्टर कुणाल दुदावत की संवेदनशीलता से जिले में शुरू स्वामी विवेकानंद जिला खनिज न्यास शिक्षा प्रोत्साहन योजना इसी उद्देश्य को साकार कर रही है। खनन प्रभावित क्षेत्रों के मेधावी विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता देकर जिला प्रशासन उनके सपनों को उड़ान देने का काम कर रहा है। इसी कड़ी में पाली विकासखंड के ग्राम मुड़कछार निवासी मेधावी छात्रा ज्योति कंवर को मेडिकल की उच्च शिक्षा के लिए ₹53 हजार 500 की आर्थिक सहायता प्रदान की गई।
गौरतलब है कि जिले के खनन प्रभावित क्षेत्रों के विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से डीएमएफटी कोरबा के अंतर्गत स्वामी विवेकानंद जिला खनिज न्यास शिक्षा प्रोत्साहन योजना संचालित की जा रही है। योजना के माध्यम से ऐसे मेधावी विद्यार्थियों को आर्थिक सहयोग दिया जा रहा है, जिनकी प्रतिभा और क्षमता उन्हें उच्च शिक्षा की ओर ले जा रही है। कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में संचालित इस पहल का फोकस आर्थिक परिस्थितियों को विद्यार्थियों की पढ़ाई के रास्ते की बाधा बनने से रोकना है। योजना के जरिए विद्यार्थियों को उनकी योग्यता और लक्ष्य के अनुरूप बेहतर शिक्षा हासिल करने में सहयोग दिया जा रहा है।
इसी कड़ी में मेधावी छात्रा ज्योति कंवर को मेडिकल की पढ़ाई करने के लिए 53 हजार 500 रूपये का आर्थिक अनुदान दिया गया। आपको बता दे मेधावी छात्रा ज्योति कंवर कक्षा 12वीं की पढ़ाई प्रयास आवासीय विद्यालय से पूरी की। इसके बाद उन्होंने NEET में सफलता हासिल की। ज्योति की मेहनत और प्रतिभा के आधार पर उनका चयन शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय महासमुंद में हुआ है। मेडिकल शिक्षा के क्षेत्र में आगे बढ़ने का ज्योति का सपना अब आर्थिक सहायता से और मजबूत हुआ है। मेधावी छात्रों के लिए शुरू किये गये इस पहल को कैबिनेट मंत्री लखन लाल देवांगन और कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में आगे बढ़ाया जा रहा है। जिला खनिज न्यास की राशि का उपयोग खनन प्रभावित क्षेत्रों के विद्यार्थियों की शिक्षा और उनके भविष्य को मजबूत करने के लिए किया जा रहा है।
ज्योति ने जताया जिला प्रशासन का आभार
आर्थिक सहायता मिलने के बाद ज्योति कंवर ने जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि यह सहायता उनकी उच्च शिक्षा जारी रखने और अपने लक्ष्य की ओर आगे बढ़ने में महत्वपूर्ण सहयोग करेगी। ज्योति की कहानी यह दिखाती है कि प्रतिभा को सही समय पर आर्थिक संबल मिले तो सीमित संसाधनों के बावजूद बड़े सपनों को हासिल करने की राह आसान हो सकती है। जिला प्रशासन की यह पहल खनन प्रभावित क्षेत्रों के उन विद्यार्थियों के लिए भी उम्मीद की किरण है, जो आर्थिक चुनौतियों के बावजूद उच्च शिक्षा और बेहतर करियर का सपना देख रहे हैं।


