रायपुर 7 नवंबर 2026। छत्तीसगढ़ की राजनीति में लोकतंत्र के मुद्दे पर भाजपा और कांग्रेस के बीच टकराव बढ़ता नजर आ रहा है। प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रभारी और सांसद सुखदेव भगत ने भाजपा पर निशाना साधते हुए उसकी नीयत पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र बचाने की लड़ाई किसी एक राजनीतिक दल की नहीं, बल्कि पूरे समाज और देश के हर नागरिक की जिम्मेदारी है। यह किसी पार्टी का आंदोलन नहीं, बल्कि जन आंदोलन है। सुखदेव भगत ने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था की रक्षा के लिए आम लोगों की भागीदारी जरूरी है। लोकतंत्र को बचाने का सवाल केवल राजनीतिक विचारधारा या सत्ता पक्ष-विपक्ष तक सीमित नहीं होना चाहिए। इसमें समाज के हर वर्ग को अपनी भूमिका निभानी होगी।
भाजपा की नीयत में ही खोट है…लोकतंत्र बचाने का आंदोलन सिर्फ एक राजनीतिक पार्टी का आंदोलन नहीं, बल्कि यह एक सामूहिक जन आंदोलन है।
—श्री सुखदेव भगत जी
माननीय सांसद एवं प्रभारी, छत्तीसगढ़ प्रदेश कांग्रेस कमेटी
@sukhdeobhagat https://t.co/gS2VHxravD— INC Chhattisgarh (@INCChhattisgarh) November 6, 2026
मीडिया से चर्चा के दौरान कांग्रेस प्रभारी सुखदेव भगत ने भाजपा पर सीधा हमला बोलते हुए कहा कि भाजपा की नीयत में ही खोट है। उनके इस बयान को प्रदेश में भाजपा के खिलाफ कांग्रेस के राजनीतिक अभियान के तौर पर देखा जा रहा है। कांग्रेस इस मुद्दे को केवल पार्टीगत विरोध के बजाय जनता के अधिकारों और लोकतांत्रिक व्यवस्था से जोड़कर उठा रही है। सुखदेव भगत के बयान में कांग्रेस की रणनीति का एक अहम पहलू भी सामने आता है।
पार्टी लोकतंत्र की रक्षा के मुद्दे को व्यापक जनभागीदारी से जोड़ना चाहती है, ताकि इसे केवल भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप तक सीमित न रखा जाए। कांग्रेस का जोर इस लड़ाई में आम नागरिकों की भागीदारी बढ़ाने पर है। सुखदेव भगत के इस बयान के बाद छत्तीसगढ़ में भाजपा और कांग्रेस के बीच राजनीतिक बयानबाजी तेज होने के आसार हैं। अब देखना होगा कि भाजपा कांग्रेस के आरोपों पर क्या प्रतिक्रिया देती है और लोकतंत्र के मुद्दे पर प्रदेश की सियासत में आगे क्या नया मोड़ आता है।


