सूरजपुर 24 अक्टूबर 2026। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में शिक्षिका और उनके 18 वर्षीय बेटे की हत्या के मामले में पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी प्रवेश कुमार मृतका रजनी बरेठ की सहेली का पति है। उसने मोटर-पार्ट्स के कारोबार के लिए 20 लाख रुपये का कर्ज लिया था। कर्ज की किस्त चुकाने के लिए उसने रजनी से पैसे मांगे, लेकिन इनकार करने पर उनकी हत्या कर दी। इसके बाद वारदात का राज खुलने के डर से उनके बेटे सुजल की भी हत्या कर दी। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से मृतका का मोबाइल, ज्वेलरी और अन्य सामान बरामद किया है। वारदात में इस्तेमाल कार भी जब्त की गई है।
मामला जयनगर और विश्रामपुर थाना क्षेत्र का है। 10 अक्टूबर की सुबह जयनगर थाना क्षेत्र के महावीरपुर में नेशनल हाईवे-43 से लगी ग्रामीण सड़क के किनारे एक युवक का शव मिला था। मृतक की पहचान विश्रामपुर के कार्मल कॉन्वेंट स्कूल में 12वीं के छात्र सुजल बरेठ (18) के रूप में हुई। जांच के दौरान पुलिस को सुजल की स्कूटी घर से करीब 500 मीटर दूर एक पेट्रोल पंप पर लावारिस हालत में मिली। इसके बाद पुलिस उसके घर पहुंची, जहां मुख्य दरवाजे पर ताला लगा था और उसकी मां रजनी बरेठ का भी कोई पता नहीं चल रहा था।रिश्तेदारों की मौजूदगी में घर का ताला तोड़ा गया, तो बाथरूम में रजनी बरेठ (40) का शव मिला। इसके बाद पुलिस ने दोनों हत्याओं की जांच शुरू की।
CCTV और मोबाइल लोकेशन से मिला सुराग
रजनी बरेठ बेलटिकरी के सरकारी स्कूल में शिक्षिका थीं। पति से करीब पांच साल पहले तलाक होने के बाद वह अपने बेटे सुजल के साथ विश्रामपुर थाना क्षेत्र के केशवनगर में किराए के मकान में रहती थीं। मामले की गंभीरता को देखते हुए सूरजपुर पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम ने संदिग्धों से पूछताछ की। पुलिस ने आसपास के सीसीटीवी फुटेज खंगाले और संदिग्धों की मोबाइल लोकेशन की जांच की। जांच के दौरान रजनी की सहेली के पति परवेश उर्फ प्रवेश कुमार (36) की भूमिका संदिग्ध मिली। पुलिस के मुताबिक, सीसीटीवी फुटेज में एक व्यक्ति रजनी के घर की ओर जाता दिखाई दिया था। जांच के दौरान संदिग्ध फरार हो गया था। इसके बाद 22 अक्टूबर को पुलिस ने उसे हिरासत में लिया। पूछताछ में आरोपी ने कथित तौर पर रजनी और सुजल की हत्या करना स्वीकार किया।
पुलिस के अनुसार, प्रवेश कुमार की पत्नी और रजनी बरेठ एक ही स्कूल में शिक्षिका थीं। इसी वजह से आरोपी का रजनी के घर आना-जाना था। आरोपी ने मोटर-पार्ट्स के कारोबार के लिए 20 लाख रुपये का लोन लिया था। उसे जानकारी थी कि रजनी ने भी करीब 19 लाख रुपये का लोन लिया है। पुलिस के मुताबिक, 9 अक्टूबर की दोपहर आरोपी पैदल रजनी के घर पहुंचा था। शाम को रजनी ड्यूटी से लौटीं, जबकि उनका बेटा सुजल ट्यूशन के लिए घर से निकल गया था। इसी दौरान प्रवेश ने रजनी से पैसे मांगे। उनके मना करने पर विवाद हुआ और आरोपी ने कथित तौर पर उनकी हत्या कर दी। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने रजनी के साथ झूमाझटकी की। जब वह भागने लगीं, तो उन्हें बाथरूम में खींच लिया। वहां शैंपू की बोतल से उनके सिर पर वार किया और बेसुध होने के बाद गला घोंटकर उनकी हत्या कर दी।
बेटे को कार में बैठाकर ले गया आरोपी
पुलिस की जांच के अनुसार, आरोपी को डर था कि सुजल को घर में उसकी मौजूदगी के बारे में पता था। इसी आशंका में उसने सुजल को भी रास्ते से हटाने की योजना बनाई। बताया गया कि प्रवेश रजनी के घर जाने वाले रास्ते के तिराहे पर करीब तीन घंटे तक सुजल का इंतजार करता रहा। रात करीब नौ बजे सुजल के पहुंचने पर उसने उससे कहा कि उसकी मां उसके घर पर हैं। इसके बाद आरोपी उसे कार में बैठाकर अंबिकापुर ले गया और मैगी खिलाई। पुलिस के मुताबिक, बाद में आरोपी सुजल को राईं जंगल की ओर ले गया। वहां बाथरूम जाने के बहाने रुकने के बाद उसने सुजल के गले में स्टॉक कसकर उसकी हत्या करने की कोशिश की।
पुलिस के अनुसार, सुजल ने भागने की कोशिश की, तो आरोपी ने सड़क किनारे पड़े सीमेंट के खंभे के टुकड़े से उसके सिर और सीने पर वार कर दिया। इसके बाद उसकी मौत हो गई। आरोपी ने सुजल के शव को कार में रखा और कालीघाट पहुंचकर ग्रामीण सड़क के किनारे फेंक दिया। 10 अक्टूबर की सुबह इसी शव के मिलने के बाद पुलिस ने जांच शुरू की थी। सूरजपुर एसपी योगेश पटेल के मुताबिक, पुलिस ने आरोपी के कब्जे से मृतका का मोबाइल, ज्वेलरी और अन्य सामान बरामद किया है। घटना में इस्तेमाल कार भी जब्त की गई है। आरोपी को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश कर दिया गया है। पुलिस के अनुसार, कर्ज की किस्त चुकाने के लिए पैसों की मांग इस दोहरे हत्याकांड की वजह बनी। मामले में पुलिस ने आरोपी के खिलाफ आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।


