रायपुर 17 सितंबर 2026। छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) ने राज्य सेवा परीक्षा-2025 के तहत होने वाले इंटरव्यू को स्थगित कर दिया है। आयोग के 16 सितंबर को जारी नोटिस के मुताबिक, 20 सितंबर से 1 अक्टूबर 2026 तक होने वाला दस्तावेज सत्यापन और साक्षात्कार अब तय कार्यक्रम के अनुसार नहीं होगा। आयोग ने स्थगन के पीछे अपरिहार्य कारणों का हवाला दिया है। नई तारीखों की घोषणा बाद में की जाएगी। इस फैसले के बाद मुख्य परीक्षा के आधार पर इंटरव्यू के लिए चयनित 608 अभ्यर्थियों को नई समय-सारणी का इंतजार करना होगा। राज्य सेवा परीक्षा-2025 के जरिए 20 विभागों में कुल 265 पदों पर भर्ती की जानी है।
गौरतलब है कि CGPSC ने मुख्य परीक्षा के परिणाम के बाद 608 अभ्यर्थियों को इंटरव्यू के लिए पात्र घोषित किया था। पहले जारी कार्यक्रम के अनुसार 20 सितंबर से दस्तावेज सत्यापन और इसके बाद 21 सितंबर से इंटरव्यू की प्रक्रिया शुरू होनी थी। अब आयोग ने इस पूरे कार्यक्रम को स्थगित कर दिया है। नई तारीखों और संशोधित कार्यक्रम की जानकारी आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी की जाएगी। राज्य सेवा परीक्षा-2025 के तहत 20 विभागों में 265 पदों पर भर्ती होनी है।
मुख्य परीक्षा 6 से 9 जून 2026 तक आयोजित हुई थी। इसके परिणाम के आधार पर 608 अभ्यर्थियों को साक्षात्कार के लिए चिन्हित किया गया। 608 अभ्यर्थियों की संख्या सामने आने के बाद परीक्षा प्रक्रिया को लेकर सवाल भी उठे। कांग्रेस ने 265 पदों के मुकाबले 1:3 के अनुपात में 795 अभ्यर्थियों को इंटरव्यू के लिए बुलाए जाने की बात कही और कम संख्या में चयन को लेकर सवाल उठाए। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने परीक्षा प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए इंटरव्यू स्थगित करने और जांच की मांग की थी।
वहीं, आयोग पहले ही 608 अभ्यर्थियों के चयन को लेकर स्थिति स्पष्ट कर चुका है। आयोग के अनुसार निर्धारित संख्या से कम अभ्यर्थियों का चयन किसी तकनीकी या मानवीय त्रुटि के कारण नहीं हुआ। कई अभ्यर्थी प्रत्येक प्रश्नपत्र में निर्धारित न्यूनतम अर्हकारी अंक हासिल नहीं कर सके, इसलिए वे इंटरव्यू के लिए पात्र नहीं हो पाए।
इंटरव्यू टला तो सियासी सवाल भी उठे
इंटरव्यू स्थगित होने का फैसला ऐसे समय आया है, जब CGPSC की मुख्य परीक्षा के परिणाम और चयन प्रक्रिया को लेकर कांग्रेस लगातार सवाल उठा रही है। दीपक बैज ने 15 सितंबर को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठाते हुए इंटरव्यू रोकने के साथ ही CBI से जांच की मांग की थी। हालांकि आयोग के मौजूदा स्थगन नोटिस में कांग्रेस की मांग, राजनीतिक विवाद या किसी जांच को कारण नहीं बताया गया है। आयोग ने केवल अपरिहार्य कारणों का उल्लेख किया है। इसलिए इंटरव्यू स्थगन को सीधे राजनीतिक दबाव से जोड़ना फिलहाल आधिकारिक रूप से पुष्ट नहीं है।
अब नई तारीख का इंतजार
CGPSC के इस फैसले के बाद 608 अभ्यर्थियों की नजर अब नई समय-सारणी पर है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि दस्तावेज सत्यापन और साक्षात्कार की नई तारीखों की सूचना अलग से जारी की जाएगी। अभ्यर्थियों को आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर अपडेट देखते रहने की सलाह दी गई है। यानी 265 पदों की भर्ती प्रक्रिया में अगला पड़ाव फिलहाल टल गया है और अब नई तारीख के साथ यह भी नजर रहेगी कि परीक्षा प्रक्रिया को लेकर उठे सवालों पर आयोग आगे क्या स्पष्ट करता है।



