बलरामपुर 20 सितंबर 2026। बलरामपुर जिले में ड्यूटी के दौरान शराब के नशे में सरकारी वाहन चलाने और उसे दुर्घटनाग्रस्त करने के मामले में बलरामपुर पुलिस अधीक्षक वैभव बैंकर ने कड़ा एक्शन लिया है। विभागीय जांच में आरोप प्रमाणित होने के बाद एसपी ने आरक्षक संजय मारकण्डे को पुलिस सेवा से बर्खास्त कर दिया है। एसपी की इस कार्रवाई को पुलिस विभाग में अनुशासन और ड्यूटी के दौरान लापरवाही के खिलाफ सख्त संदेश के तौर पर देखा जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक मामला 7 जुलाई 2026 की रात का है। चौकी वाड्रफनगर, थाना बसंतपुर क्षेत्र में संचालित डायल 112 वाहन क्रमांक CG-03-A-2749 में आरक्षक संजय मारकण्डे और चालक ओमप्रकाश यादव की ड्यूटी थी। रात करीब 11:40 बजे एक इवेंट की सूचना मिलने पर दोनों डायल 112 वाहन से ग्राम सिवरी बरतीकला की ओर रवाना हुए। इसी दौरान वाड्रफनगर-अंबिकापुर मुख्य मार्ग पर न्यू पंचवटी ढाबा के पास डायल 112 वाहन सामने से आ रही पिकअप UP-64-CT-1055 से टकरा गया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि सरकारी वाहन बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया।
हादसे के बाद मौके पर पहुंची टीम को आरक्षक और चालक के व्यवहार से उनके नशे में होने का संदेह हुआ। दोनों का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र वाड्रफनगर में डॉक्टरी मुलाहिजा कराया गया। जांच में दोनों के शराब के नशे में होने की पुष्टि हुई। ड्यूटी के दौरान शराब का सेवन और सरकारी वाहन का दुर्घटनाग्रस्त होना पुलिस विभाग के लिए गंभीर अनुशासनात्मक मामला माना गया। घटना के बाद मामले की विभागीय जांच कराई गई। जांच में आरक्षक संजय मारकण्डे के खिलाफ ड्यूटी के दौरान शराब का सेवन करने, नशे की हालत में सरकारी वाहन को दुर्घटनाग्रस्त करने, घोर लापरवाही, अनुशासनहीनता और गंभीर कदाचरण के आरोप प्रमाणित पाए गए।
जांच रिपोर्ट के आधार पर बलरामपुर एसपी वैभव बैंकर ने 19 सितंबर 2026 को बर्खास्तगी का आदेश जारी कर दिया है। डायल 112 जैसी आपातकालीन सेवा में तैनात पुलिसकर्मियों से सतर्कता और जिम्मेदारी की अपेक्षा रहती है। ऐसे में ड्यूटी के दौरान शराब के सेवन और सरकारी वाहन को दुर्घटनाग्रस्त करने के मामले में एसपी द्वारा सीधे पुलिस सेवा से पृथक किए जाने की कार्रवाई विभाग में चर्चा का विषय बनी हुई है। पुलिस अधीक्षक के इस फैसले से ड्यूटी में लापरवाही और अनुशासनहीनता के मामलों में सख्ती का संदेश गया है।


