नई दिल्ली 9 अक्टूबर 2026। देश की राजधानी दिल्ली में 10 अक्टूबर को प्रस्तावित CJP प्रदर्शन से पहले सुरक्षा व्यवस्था को लेकर प्रशासन अलर्ट मोड पर है। जनपथ से कर्तव्य पथ तक सुरक्षा का घेरा सख्त किया जा रहा है। मोबाइल इंटरनेट सेवाओं पर 24 घंटे की रोक, 28 ट्रेनों का रद्द होना और करीब 43 हजार सुरक्षाकर्मियों की तैनाती की जानकारी सामने आई है। प्रदर्शन को देखते हुए राजधानी के संवेदनशील इलाकों में निगरानी बढ़ा दी गई है। सड़क से लेकर रेल यातायात तक, सुरक्षा इंतजामों का असर आम लोगों की आवाजाही पर भी पड़ने की आशंका है।

CJP के प्रस्तावित प्रदर्शन के मद्देनजर जनपथ-कर्तव्य पथ क्रॉसिंग के आसपास चार किलोमीटर के दायरे में 9 अक्टूबर की रात 10 बजे से 10 अक्टूबर की रात 10 बजे तक मोबाइल इंटरनेट सेवाएं बंद रखने का आदेश जारी किए जाने की जानकारी है। इस दौरान संबंधित क्षेत्र में मोबाइल इंटरनेट की विभिन्न तकनीकों पर रोक लागू होगी। दूरसंचार कंपनियों को निर्देशों का पालन करने को कहा गया है। प्रदर्शन के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए करीब 23 हजार CAPF जवानों और 20 हजार दिल्ली पुलिसकर्मियों की तैनाती की जानकारी सामने आई है। गृह मंत्रालय ने दिल्ली पुलिस को अतिरिक्त केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों की कंपनियां भी उपलब्ध कराई हैं। संवेदनशील इलाकों में बैरिकेडिंग, निगरानी और भीड़ प्रबंधन के इंतजाम किए जा रहे हैं।
28 ट्रेनें रद्द, सड़क पर भी प्रतिबंध
प्रदर्शन का असर रेल और सड़क यातायात पर भी पड़ने की संभावना है। रेलवे के मुताबिक, 28 ट्रेनें रद्द किए जाने की जानकारी दी गई है। इनमें कई प्रमुख एक्सप्रेस और राजधानी से जुड़ी सेवाएं शामिल बताई गई हैं। वहीं, 10 अक्टूबर को सुबह 4 बजे से दोपहर 2 बजे तक सेंट्रल दिल्ली में यातायात प्रभावित रहने की आशंका है। राजधानी में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी किए जाने के बीच सबसे बड़ा सवाल आम लोगों की आवाजाही और रोजमर्रा की गतिविधियों पर पड़ने वाले असर को लेकर है।
इंटरनेट सेवाओं पर रोक, ट्रेनों का रद्द होना और ट्रैफिक प्रतिबंध यात्रियों के लिए परेशानी बढ़ा सकते हैं। ऐसे में दिल्ली आने-जाने वाले लोगों को अपनी ट्रेन की स्थिति और ट्रैफिक एडवाइजरी की जानकारी लेकर ही घर से निकलने की सलाह दी जाती है। CJP के प्रस्तावित प्रदर्शन से पहले दिल्ली में सुरक्षा एजेंसियों ने तैयारियां तेज कर दी हैं। अब नजर इस बात पर है कि कड़े सुरक्षा इंतजामों के बीच प्रदर्शन किस तरह संपन्न होता है और राजधानी में सामान्य जनजीवन कितना प्रभावित होता है।



