कोरबा 6अक्टूबर 2026। भारत एल्यूमिनियम कंपनी लिमिटेड (बालको) की सामुदायिक स्वास्थ्य परियोजना ‘आरोग्य’ की मदद से वर्ष भर में कोरबा एवं छत्तीसगढ़ के 70 से अधिक गांवों के 1.2 लाख से अधिक लोगों तक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाई गई। प्राथमिक स्वास्थ्य, मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य, पोषण, निवारक देखभाल और स्वास्थ्य जागरूकता को केंद्र में रखते हुए कंपनी ने समुदाय में स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार किया है। वित्तवर्ष 2026 में ‘आरोग्य’ के तहत 92 हजार से अधिक लोगों को प्राथमिक, निवारक एवं उपचारात्मक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की गईं। तीन ग्रामीण स्वास्थ्य केंद्रों के माध्यम से लगभग 4800 नागरिकों को नियमित प्राथमिक उपचार एवं चिकित्सकीय परामर्श उपलब्ध कराया गया। स्वास्थ्य सेवाओं को दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचाने के लिए दो मोबाइल हेल्थ वैन संचालित की गईं।
मल्टी-स्पेशलिटी हेल्थ कैंपों में सामान्य चिकित्सा के साथ दंत चिकित्सा, त्वचा रोग, हड्डी रोग और स्त्री रोग जैसी विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध कराई गईं। 51 आंगनवाड़ी केंद्रों में 0 से 5 वर्ष आयु वर्ग के 3,300 से अधिक बच्चों की स्वास्थ्य जांच की गई। इनमें 268 बच्चों को कुपोषण की विभिन्न श्रेणियों में चिन्हित कर विशेष देखभाल प्रदान की गई, जबकि गंभीर रूप से कुपोषित 18 बच्चों को पोषण पुनर्वास केंद्र रेफर किया गया। एनीमिया उन्मूलन के लिए 45 शिविर के माध्यम से 1137 गर्भवती महिलाओं, माताओं एवं किशोरियों को पोषण एवं आयरन सेवन के प्रति जागरूक किया गया। ‘बेबी स्टेप्स टुगेदर’ पहल के तहत 80 से अधिक दंपतियों को मातृत्व देखभाल में पिता की भूमिका को लेकर प्रशिक्षित किया गया।
नशा मुक्ति अभियान के माध्यम से विद्यालय, युवा चौपाल, नुक्कड़ नाटक और जागरूकता शिविर के माध्यम 4,900 से अधिक युवाओं एवं समुदाय के लोगों को जागरूक किया गया। टीबी एवं एचआईवी जागरूकता के 110 सत्रों के माध्यम से 67 हजार से अधिक लोगों तक जानकारी पहुंचाई गई तथा 64 से अधिक स्वयंसेवकों को प्रशिक्षित किया गया। सुरक्षित मातृत्व दिवस, विश्व मलेरिया दिवस, स्तनपान सप्ताह, पोषण माह और अंतरराष्ट्रीय योग दिवस जैसे अवसरों पर भी स्वास्थ्य जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। सामुदायिक स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं के साथ बालको अस्पताल बालको परिवार और आसपास के क्षेत्र में विशेषज्ञ चिकित्सा सेवाओं का महत्वपूर्ण केंद्र है। 125 बेड वाले मल्टीस्पेशलिटी अस्पताल में सालाना लगभग 2.2 लाख मरीजों का उपचार किया जाता है।
अस्पताल में जनरल मेडिसिन, जनरल सर्जरी, स्त्री एवं प्रसूति रोग, बाल रोग, हड्डी रोग, नेत्र रोग, ईएनटी, दंत चिकित्सा और फिजियोथेरेपी सहित विभिन्न विशेषज्ञ सेवाएं उपलब्ध हैं। अस्पताल की डायग्नोस्टिक सुविधाओं में सीटी स्कैन, 2डी ईको, अल्ट्रासाउंड, एक्स-रे, होल्टर मॉनिटरिंग, स्पाईरोमेट्री और ट्रेडमिल टेस्टिंग शामिल हैं। उन्नत चिकित्सा सेवाओं में जॉइंट रिप्लेसमेंट एवं आर्थ्रोप्लास्टी, डायलिसिस, फेकोइमल्सीफिकेशन मोतियाबिंद सर्जरी, लेजर प्रोक्टोलॉजी और ईवीएलए जैसी प्रक्रियाएं भी उपलब्ध हैं। 10 आईसीयू बेड और आधुनिक मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर जैसी सुविधाओं से अस्पताल की क्रिटिकल केयर एवं सर्जिकल क्षमता को और मजबूती मिली है। स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में बालको की प्रतिबद्धता को बालको मेडिकल सेंटर (बीएमसी), नया रायपुर ने कैंसर देखभाल के क्षेत्र में व्यापक स्वरूप दिया है।
170-बेड वाला तृतीयक कैंसर केंद्र कैंसर की रोकथाम, स्क्रीनिंग, निदान और उपचार के साथ रेडिएशन थेरेपी, ब्रैकीथेरेपी, न्यूक्लियर मेडिसिन, सर्जरी, कीमोथेरेपी, इम्यूनोथेरेपी, बोन मैरो ट्रांसप्लांट और पैलिएटिव केयर जैसी सेवाएं प्रदान करता है। 2018 में स्थापना के बाद बीएमसी में करीब 76,000 मरीजों का उपचार, लगभग 14,000 बड़ी सर्जरी और 96,000 से अधिक कीमोथेरेपी सत्र किए जा चुके हैं। कैंसर की शुरुआती पहचान और रोकथाम के लिए 600 से अधिक सामुदायिक स्वास्थ्य स्क्रीनिंग एवं जागरूकता कार्यक्रम भी आयोजित किए गए हैं। बीएमसी में बोन मैरो ट्रांसप्लांट यूनिट का विस्तार, इंडोस्कोपी सूट और उन्नत कैंसर उपचार सुविधाओं का विकास इसकी चिकित्सा क्षमताओं को लगातार मजबूत कर रहा है।
कैंसर देखभाल को समुदाय तक ले जाने के लिए बीएमसी द्वारा मोबाइल कैंसर डिटेक्शन वैन और स्वास्थ्य स्क्रीनिंग गतिविधियां भी संचालित की जा रही हैं। वित्तवर्ष 2026 में आयोजित 250 से अधिक स्वास्थ्य शिविरों एवं जागरूकता कार्यक्रमों से 20 हजार से अधिक लोग लाभान्वित हुए। जरूरतमंद मरीजों के लिए उपचार सहायता, आवास, परिवहन, पोषण और अन्य सहयोगी सेवाओं के माध्यम से उपचार की राह को आसान बनाने पर भी ध्यान दिया जा रहा है। हाल ही में आयोजित बीएमसी कैंसर कॉंक्लेव के दौरान छत्तीसगढ़ में सर्वाइकल कैंसर एलिमिनेशन प्रोग्राम की शुरुआत की गई। यह पहल कैंसर की रोकथाम, शुरुआती पहचान और समुदाय आधारित स्क्रीनिंग को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
बालको के सामुदायिक विकास कार्यक्रम छत्तीसगढ़ के कोरबा, कवर्धा, सरगुजा, रायगढ़ और रायपुर जिलों के 128 गांवों तक पहुंच रहे हैं। ‘आरोग्य’ के माध्यम से समुदाय आधारित स्वास्थ्य सेवाओं, बालको अस्पताल के जरिए स्थानीय स्तर पर विशेषज्ञ चिकित्सा और बीएमसी के माध्यम से उन्नत कैंसर देखभाल को जोड़ते हुए बालको स्वास्थ्य सेवाओं को अधिक सुलभ, समावेशी और प्रभावी बनाने की दिशा में कार्य कर रहा है। ये पहल राष्ट्रीय स्वास्थ्य लक्ष्यों और सतत विकास लक्ष्य-3 के अनुरूप स्वस्थ एवं सशक्त समुदाय के निर्माण में योगदान दे रही हैं।


