रायपुर 6 अगस्त 2026। छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) ने सूबेदार, उप-निरीक्षक (SI) संवर्ग एवं प्लाटून कमांडर भर्ती परीक्षा-2024 के प्रारंभिक परीक्षा परिणाम को लेकर सोशल मीडिया पर फैलाई जा रही भ्रामक जानकारियों पर कड़ा रुख अपनाया है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि अभ्यर्थियों के नामों को लेकर प्रसारित किए जा रहे दावे पूरी तरह तथ्यहीन हैं और उम्मीदवारों से केवल आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जारी जानकारी पर ही भरोसा करने की अपील की है।
दरअसल 4 अगस्त को प्रारंभिक लिखित परीक्षा का परिणाम जारी होने के बाद सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म पर कुछ अभ्यर्थियों के नामों को लेकर रील और शॉर्ट वीडियो वायरल किए गए। इन पोस्टों में न्यूज, स्पेश रानी जैसे नामों का उपहास उड़ाने के साथ परीक्षा प्रक्रिया की निष्पक्षता पर भी सवाल उठाए गए। इन दावों पर प्रतिक्रिया देते हुए छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग ने साफ किया कि परीक्षा परिणाम में वही नाम प्रकाशित किए गए हैं, जो अभ्यर्थियों ने ऑनलाइन आवेदन के दौरान स्वयं दर्ज कर अंतिम रूप से सबमिट किए थे। आयोग के अनुसार दस्तावेज सत्यापन, शारीरिक दक्षता परीक्षण (PST) और प्रारंभिक परीक्षा की पूरी प्रक्रिया भी इन्हीं नामों के आधार पर संपन्न कराई गई।
आयोग ने यह भी स्पष्ट किया कि अभ्यर्थियों के प्रवेश-पत्र (Admit Card) में भी वही नाम अंकित थे, जो आवेदन पत्र में दर्ज किए गए थे। इसलिए सोशल मीडिया पर नामों को लेकर फैलाए जा रहे दावे पूरी तरह भ्रामक और निराधार हैं। छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग के अवर सचिव ने अभ्यर्थियों और आमजन से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर प्रसारित किसी भी अपुष्ट, भ्रामक या तथ्यहीन जानकारी पर विश्वास न करें। परीक्षा से जुड़ी किसी भी सूचना, परिणाम या आधिकारिक अपडेट के लिए केवल छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी को ही प्रमाणिक मानें। परीक्षा परिणाम के बाद सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे भ्रामक दावों के बीच आयोग का यह स्पष्टीकरण अभ्यर्थियों के बीच फैली भ्रम की स्थिति को दूर करने और भर्ती प्रक्रिया की पारदर्शिता को लेकर उठ रहे सवालों का जवाब माना जा रहा है।



