Health Tips: सावन का महीना भगवान शिव की आराधना, व्रत और सात्विक जीवनशैली का प्रतीक माना जाता है। लेकिन यह सिर्फ धार्मिक आस्था का समय ही नहीं, बल्कि शरीर और मन को स्वस्थ बनाने का भी बेहतरीन अवसर हो सकता है। अगर इस पूरे महीने सात्विक भोजन के साथ नियमित व्यायाम, योग और अच्छी नींद को दिनचर्या का हिस्सा बना लिया जाए, तो महज 30 दिनों में शरीर पहले से अधिक हल्का, ऊर्जावान और फिट महसूस कर सकता है। विशेषज्ञों के मुताबिक, सावन में लोग स्वाभाविक रूप से तला-भुना और भारी भोजन कम करते हैं। ऐसे में अगर कुछ हेल्दी आदतें भी जोड़ ली जाएं, तो इसका फायदा लंबे समय तक मिल सकता है।
दिन की शुरुआत पानी और स्ट्रेचिंग से करें
सुबह उठने के तुरंत बाद एक से दो गिलास पानी पीना शरीर को हाइड्रेट करने में मदद करता है। इसके बाद 5 से 10 मिनट हल्की स्ट्रेचिंग और 15 से 20 मिनट की तेज चाल से वॉक शरीर को सक्रिय बनाती है और पूरे दिन ऊर्जा बनाए रखने में मदद कर सकती है।सावन के दौरान मौसमी फल, दूध, दही, पनीर, मेवे, साबूदाना, कुट्टू और सिंघाड़े जैसे पौष्टिक खाद्य पदार्थ शरीर को जरूरी पोषण देते हैं। साथ ही पर्याप्त मात्रा में पानी पीना भी जरूरी है। विशेषज्ञ तले-भुने और अधिक मीठे खाद्य पदार्थों से दूरी बनाने की सलाह देते हैं।
रोज 20 मिनट योग का संकल्प लें
अगर आपने पहले कभी योग नहीं किया है, तो भी आसान आसनों से शुरुआत की जा सकती है। ताड़ासन, वृक्षासन, भुजंगासन, वज्रासन और शवासन जैसे योगासन शरीर की लचक बढ़ाने और मानसिक तनाव कम करने में मददगार माने जाते हैं। इसके साथ 5 से 10 मिनट प्राणायाम या गहरी सांस लेने का अभ्यास भी लाभदायक हो सकता है।
हर दिन शरीर को एक्टिव रखें
फिट रहने के लिए जिम जाना जरूरी नहीं है। रोज कम से कम 5,000 कदम चलना, सीढ़ियों का इस्तेमाल करना, हल्की साइकिलिंग या घर पर सामान्य व्यायाम भी शरीर को सक्रिय रखने में मदद करता है। लंबे समय तक लगातार बैठे रहने से बचना भी जरूरी है। स्वस्थ जीवनशैली में पर्याप्त नींद की अहम भूमिका होती है। रोजाना 7 से 8 घंटे की अच्छी नींद शरीर को रिकवर होने का समय देती है और अगले दिन तरोताजा महसूस कराने में मदद करती है।
30 दिन में महसूस हो सकता है बदलाव
अगर पूरे सावन के दौरान इन आसान आदतों को नियमित रूप से अपनाया जाए, तो बेहतर पाचन, शरीर में हल्कापन, ऊर्जा में बढ़ोतरी और मानसिक शांति जैसे सकारात्मक बदलाव महसूस हो सकते हैं। हालांकि, किसी भी नए डाइट या एक्सरसाइज रूटीन की शुरुआत से पहले, यदि आपको कोई बीमारी है या विशेष स्वास्थ्य स्थिति है, तो डॉक्टर या योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर रहेगा।

