बिलासपुर 1 नवंबर 2026। बिलासपुर में देर रात शोर-शराबा रोकने की बात पर विवाद और मारपीट का मामला सामने आया है। आरोप है कि जन्मदिन मना रहे युवकों ने महासमुंद में पदस्थ कुटुंब न्यायालय के न्यायाधीश प्रफुल्ल कुमार सोनवानी और उनके परिवार के सदस्यों के साथ मारपीट की। घटना राजकिशोर नगर इलाके की है। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
न्यायाधीश प्रफुल्ल सोनवानी के मुताबिक, 31 अक्टूबर की रात वह परिवार के साथ राजकिशोर नगर स्थित अपने ससुराल में थे। रात करीब 11 बजे तेज नगाड़े और पटाखों की आवाज से परिवार की नींद खुल गई। करीब 45 मिनट तक शोर जारी रहने के बाद वह घर से नीचे पहुंचे। वहां करीब 100 से 200 लोग जन्मदिन मना रहे थे। शिकायत के मुताबिक, न्यायाधीश ने देर रात नगाड़ा बजाने और पटाखे फोड़ने से मना किया।
आरोप है कि इस बात पर अभय बरुआ और उसके साथियों ने उनसे विवाद शुरू कर दिया और उन्हें घेरकर हाथ-मुक्कों से मारपीट की। आवाज सुनकर न्यायाधीश की पत्नी आकांक्षा, साले अभिषेक भारद्वाज, सास नीरा भारद्वाज और साले की पत्नी गुरप्रीत कौर भी मौके पर पहुंचीं। आरोप है कि हमलावरों ने उनके साथ भी मारपीट की।
इस घटना में न्यायाधीश की पत्नी के दाहिने हाथ के पास चोट आई, जबकि उनके साले अभिषेक भारद्वाज के सिर, सीने और गले में चोट लगने की बात सामने आई है। शिकायत के अनुसार, मारपीट के दौरान न्यायाधीश की शर्ट के बटन टूट गए और उनकी पत्नी तथा साले का चश्मा भी छीन लिया गया। घटना के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। पुलिस ने अभय बरुआ और उसके साथियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर ली है। मामले में आरोपों की जांच की जा रही है।


