कोरबा 28 जुलाई 2026। कोरबा जिले केछुरीकला स्थित एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय में अव्यवस्थाओं को लेकर छात्रों और अभिभावकों का आक्रोश खुलकर सामने आ गया। शाला प्रवेशोत्सव के दौरान उस समय माहौल तनावपूर्ण हो गया, जब बड़ी संख्या में छात्रों ने कटघोरा विधायक प्रेमचंद पटेल का घेराव कर छात्रावास की बदहाल व्यवस्थाओं की शिकायत की। बच्चों ने आरोप लगाया कि उन्हें परोसे जा रहे भोजन में कीड़े मिल रहे हैं और एक्सपायरी डेट के खाद्य पदार्थ व दवाइयों का वितरण किया जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक पूरा घटनाक्रम एकलव्य आवासीय विद्यालय का है। बताया जा रहा है कि सोमवार को विद्यालय में शाला प्रवेशोत्सव का अयोजन किया गया था। कार्यक्रम में कटघोरा विधायक प्रेमचंद पटेल को मुख्य अतिथि के रूम में आमंत्रित किया गया था। विद्यालय परिसर में आयोजित शाला प्रवेशोत्सव कार्यक्रम खत्म होने के बाद विधायक अपनी गाड़ी की तरफ बढ़ रहे थे। तभी बड़ी संख्या में छात्रों ने विधायक की गाडी के सामने खड़े होकर उन्हे घेर लिया। छात्रों ने विधायक से शिकायत की कि उन्हे अक्सर दूषित भोजन और पेयजल परोसा जाता है।
जिसके कारण विद्यायल के कई छात्र खाज-खुजली सहित अन्य स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि कई बार शिकायत करने के बावजूद हालात जस के तस बने हुए हैं। प्रदर्शन कर रहे अभिभावकों ने विद्यालय के प्राचार्य डॉ. अहमद खान पर गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना है कि विद्यालय का मेस कथित तौर पर फर्जी नाम से संचालित किया जा रहा है। साथ ही सरकारी वाहनों के दुरुपयोग और मनमाने तरीके से काम करने के आरोप भी लगाए गए। अभिभावकों ने प्राचार्य को तत्काल हटाने और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।
यह पहला मौका नहीं है जब यह विद्यालय विवादों में आया हो। हाल ही में विद्यालय में एक शिक्षक के साथ कथित मारपीट का मामला भी सामने आया था, जिसकी शिकायत कटघोरा थाने में दर्ज कराई गई थी। आरोप है कि उस मामले में भी अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। मामले की गंभीरता को देखते हुए विधायक प्रेमचंद पटेल ने मौके पर मौजूद अधिकारियों से जानकारी ली और सहायक आयुक्त को पूरे मामले की जांच कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि यदि जांच में लापरवाही या अनियमितता सामने आती है, तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी। छात्रों और अभिभावकों द्वारा लगाए गए आरोपों ने एक बार फिर आवासीय विद्यालयों की व्यवस्थाओं पर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, इन आरोपों पर विद्यालय प्रबंधन की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। अब सभी की नजर प्रशासनिक जांच पर टिकी है, जिससे यह स्पष्ट हो सकेगा कि छात्रों की शिकायतों में कितनी सच्चाई है और जिम्मेदारों पर क्या कार्रवाई होती है।
सहायक आयुक्त ने बतायी समस्याएं
इस पूरे मामले पर आदिवासी विभाग के सहायक आयुक्त श्रीकांत कसेर ने बताया कि छुरी स्थित एकलव्य विद्यालय में में पेयजल की समस्या है। बेहतर पेयजल के लिए विद्यालय परिसर में पूर्व में ही आधा दर्जन से अधिक बोर कराये गये। लेकिन किसी भी स्थान पर पर्याप्त स्वच्छ पानी नहीं मिल सका, सभी बोर फेल हो गये। मौजूदा वक्त में विद्यायल में दूषित पानी की समस्या है, जिससे छात्र परेशान है। वहीं उन्होने बताया छात्रों ने खेल के लिए कम समय मिलने की भी शिकायत की है। आपको बता दे मौजूदा वक्त में एकलव्य विद्यालय में चयनित शिक्षकों की नियुक्ति की गयी है। जो कि सीबीएसई नियमों के तहत छात्रों के अध्यापन कार्य और अन्य गतिविधियों को करा रहे है। आशंका जतायी जा रही है कि इन सख्त नियमों का पालन भी छात्रों के लिए आपत्ति और विरोध का कारण हो सकता है।

